Browsing Category

जीजीएन विशेष

संस्कृति-लोकमंथन (19)- लोक परंपरा में वाद्य संस्कृति

(21 सितंबर से 24 सितंबर 2022 तक श्रीमंता शंकरदेव कलाक्षेत्र गोहाटी में प्रज्ञा प्रवाह द्वारा तीसरे लोकमंथन का आयोजन किया गया। प्रस्तुत है लोकमंथन की उल्लेखनीय गतिविधियों पर सारपूर्ण श्रृंखलाबद्ध प्रस्तुति)

संस्कृति : लोकमंथन (18)- भारत में कृषि एवं खाद्य परम्पराएं -3

हाल ही में 21 सितंबर से 24 सितंबर 2022 तक श्रीमंता शंकरदेव कलाक्षेत्र गोहाटी में प्रज्ञा प्रवाह द्वारा तीसरे लोकमंथन का आयोजन किया गया। प्रस्तुत है लोकमंथन की उल्लेखनीय गतिविधियों पर सारपूर्ण श्रृंखलाबद्ध प्रस्तुति

संस्कृति : लोकमंथन (17)- भारत में कृषि एवं खाद्य परम्पराएं -2

( हाल ही में 21 सितंबर से 24 सितंबर 2022 तक श्रीमंता शंकरदेव कलाक्षेत्र गोहाटी में प्रज्ञा प्रवाह द्वारा तीसरे लोकमंथन का आयोजन किया गया। प्रस्तुत है लोकमंथन की उल्लेखनीय गतिविधियों पर सारपूर्ण श्रृंखलाबद्ध प्रस्तुति)

 संस्कृति : लोकमंथन (16)- भारत में कृषि एवं खाद्य परम्पराएं -1

हाल ही में 21 सितंबर से 24 सितंबर 2022 तक श्रीमंता शंकरदेव कलाक्षेत्र गोहाटी में प्रज्ञा प्रवाह द्वारा तीसरे लोकमंथन का आयोजन किया गया। प्रस्तुत है लोकमंथन की उल्लेखनीय गतिविधियों पर सारपूर्ण श्रृंखलाबद्ध प्रस्तुति

 संस्कृति- सूर्य षष्ठी अथवा छठ पूजा

प्रकृति पूजा सनातन संस्कृति का एक अंग है। इस प्रकृति पूजा में सूर्य उपासना भी शामिल है। उगते सूर्य को अर्घ्य देना संध्या वंदन के साथ जुड़ी पूजा विधान है लेकिन सूर्य के अस्ताचल होने पर भी इस संस्कृति में सूर्य को अर्घ्य देने की परंपरा है।

बन्दा वीर बैरागी- हिरणी से लेकर वीरगति तक की कहानी

बन्दा बैरागी का जन्म 27 अक्तूबर, 1670 को ग्राम तच्छल किला, पुंछ में श्री रामदेव के घर में हुआ। उनका बचपन का नाम लक्ष्मणदास था। युवावस्था में शिकार खेलते समय उन्होंने एक गर्भवती हिरणी पर तीर चला दिया। इससे उसके पेट से एक शिशु निकला और तड़पकर…

कुछ भारतीय हीन-भावना से कब मुक्त होंगे?

आस्थावान हिंदू ऋषि सुनक के ब्रितानी प्रधानमंत्री बनने पर भारत में बहुत बड़े वर्ग की खुशी स्वाभाविक है। परंतु इस घटनाक्रम से देश का एक समूह, जिसमें वामपंथी, मुस्लिम जनप्रतिनिधि के साथ कांग्रेस रूपी कई स्वघोषित सेकुलर दल शामिल है— वे सभी…

 🕉️ सनातन हिंदू संस्कृति व पूजा विधान 🕉️

अगर आप सनातन हिंदू संस्कृति के मुताबिक पूजा पाठ करते हैं, तो आपके कानों में इससे संबंधित कुछ खास शब्द जरुर पड़ते होंगे. आईए जानते हैं कि सनातन वैदिक-हिंदू परंपरा के मुताबिक पूजा पाठ में काम आने वाले इन 27 शब्दों का अर्थ➖:

ये वतन हमारी माँ है ……

प्रख्यात कहे जाने वाले व बदक़िस्मती से भारत में पैदा हुए कवि राहत इंदौरी ने लिखा था कि-"सभी का खून है शामिल है,यहाँ की मिट्टी में,किसी के बाप का हिंदुस्तान थोड़ी है." राहत ने जिस दुर्भावना के साथ ये लिखा था,उसका माकूल और खूबसूरत जवाब "बेचैन…