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विश्लेषण

क्या प्रियंका मध्य प्रदेश से लड़ेंगी अपना पहला चुनाव?

 त्रिदीब रमण। ’घर से निकल रहे हो तो अपने सायों को भी साथ ले लो जिन्हें धुंधला दिखता है अब, उन बूढ़ी मां का आशीर्वाद भी ले लो सफर में तो राहों में धूप होगी, मंजिलें भी मजबूर होंगी पांवों में छाले होंगे, तुमसे नाराज़ तेरे चाहने वाले…

कौन से वह क़ानून हैं जिनकी जानकारी ‘लव जिहाद’ से भ्रमित हो मुस्लिम से निकाह करने वाली हर हिंदू लड़की…

भारत में जहाँ एक तरफ ‘अंतर-धार्मिक’ विवाह बढ़ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर लव जिहाद के चंगुल में फंसा कर हिन्दू युवतियों के साथ अवैध निकाह और धर्मान्तरण के मामले भी देखने को मिल रहे हैं। इन दोनों ही मामलों में, विशेषकर हिन्दू युवतियों के लिए दूर…

टुकड़े टुकड़े कर देगा आफताब, श्रद्धा ने की थी शिकायत! फिर क्यों नहीं छोड़ पाई उसे?

श्रद्धा और आफताब के मामले में दिनों दिन नई बातें सामने आ रही हैं। अब जो बात सामने आई है, वह उस फेमिनिज्म का सच बताने के लिए बहुत बड़ी बात है जो कथित रूप से लड़कियों को आजादी देता है। वह फेमिनिज्म जो लड़कियों के दिमाग में यह भरता है कि लिव…

स्वयं से संघर्षरत पाकिस्तान

पाकिस्तान का अगला सेनाध्यक्ष कौन होगा? 29 नवंबर को उसके वर्तमान सेना मुखिया जनरल कमर जावेद बाजवा का दूसरा कार्यकाल समाप्त हो रहा है। मीडिया रिपोर्ट की माने, तो पाकिस्तानी रक्षा मंत्रालय ने प्रधानमंत्री कार्यालय को जिन नामों की सूची भेजी है,…

महानायक व खलनायक !

* कुमार राकेश विधर्मी है न ये ? महानायक पिता बाला साहेब का ये खलनायक पुत्र उद्धव, क्यों दिखा रहा ऐसे राष्ट्र विरोधी करतब? लायक़ पिता का नालायक पुत्र? हिंदू पिता का विधर्मी पुत्र! निजी स्वार्थ के कारण, अपनी राह से…

मतांतरण को ‘सेकुलर’ कवच कबतक?

-बलबीर पुंज। "जबरन मतांतरण करना न केवल मजहबी स्वतंत्रता के अधिकार का हनन है, अपितु यह देश की सुरक्षा के लिए भी खतरा हो सकता है।" यह वक्तव्य न ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का है और न ही किसी भाजपा नेता या फिर मोदी सरकार का। यह टिप्पणी 14…

तेजप्रताप की जगह डिंपल क्यों उतरीं मैदान में?

त्रिदीब रमण। ’घर-घर में आज भी चल रही राम कथा है विभीषण जिंदा है, सीता की वही पुरानी व्यथा है’ यादव परिवार की इस चिंता ने कि ‘घर का भेदी अगर लंका ढाह सकता है’ तो फिर मैनपुरी का उप चुनाव किस खेत की मूली है, इस ख्याल ने अखिलेश को सपा…

अब और नहीं, श्रद्धा……उनका श्राद्ध होगा ……

*कुमार राकेश ———————- ज़रा सोचिए - श्रद्धा कौन थी? क्यों मारी गयी? कौन ज़िम्मेदार ? मेरा मानना है , श्रद्धा की मौत के लिए , हम सब है ज़िम्मेदार , हम हिंदू , हमारा लचर , मुस्लिम परस्त क़ानून व हमारा ढुल-मूल संविधान- देखिए सब लोग…

थैंक यु, मि. गोडसे

  डॉ. शंकर शरण नाथूराम गोडसे के नाम और उनके एक काम के अतिरिक्त लोग उन के बारे में कुछ नहीं जानते। एक लोकतांत्रिक देश में यह कुछ रहस्यमय बात है। रहस्य का आरंभ 8 नवंबर 1948 को ही हो गया था, जब गाँधीजी की हत्या के लिए चले मुकदमे में गोडसे…

राष्ट्र-चिंतन-भाजपा के ब्राम्हणवाद से हारेगा केजरीवाल

ब्राम्हण 45, जाट 34, राजपूत 22, गुर्जर 17, पंजाबी 31 , वैश्य 21और पिछडे वर्ग को पांच टिकट, ये आकंडे भाजपा के दिल्ली नगर निगम चुनाव में घोषित उम्मीदवारों के हैं। इन आंकड़ो के देखने के बाद यह प्रतीत होता है कि भाजपा जातिवाद की मिसाइल से…