रक्षा सचिव और मलेशियाई उप महासचिव ने नई दिल्ली में 12वीं रक्षा सहयोग समिति की बैठक की, की सह-अध्यक्षता
समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली,20सिंतबर। मलेशिया-भारत रक्षा सहयोग समिति (मिडकॉम) की 12वीं बैठक नई दिल्ली में आयोजित की गई। रक्षा सचिव गिरिधर अरमने और मलेशिया के उप महासचिव (नीति) मोहम्मद यानि बिन दाउद ने बैठक की सह-अध्यक्षता की। बैठक के दौरान, दोनों पक्षों ने दो उप-समिति की बैठकों – 27 जुलाई, 2023 को आयोजित सैन्य सहयोग पर उप समिति की बैठक और सोमवार को आयोजित रक्षा विज्ञान प्रौद्योगिकी और उद्योग सहयोग पर संयुक्त उप समिति की बैठक – के परिणामों की समीक्षा की।
दोनों पक्षों ने दोनों देशों के बीच मौजूदा रक्षा सहयोग का आकलन किया और क्षेत्रीय मुद्दों सहित आपसी हित के मुद्दों पर व्यापक चर्चा की। उन्होंने द्विपक्षीय रक्षा संबंधों को और विस्तारित करने के लिए प्रभावी और व्यावहारिक पहल पर विचार विमर्श किया और दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग के सभी पहलुओं पर चर्चा के लिए मिडकॉम और दो उप-समितियों के बीच एक सलाहकार व्यवस्था तैयार करने हेतु एक रणनीतिक मामलों के कार्य समूह (एसएडब्ल्यूजी) की स्थापना पर सहमति व्यक्त की।
दोनों अध्यक्षों ने साइबर सुरक्षा और वैश्विक साझा विषयों से संबंधित मुद्दों जैसे सहयोग के उभरते क्षेत्रों की दिशा में भी कदम उठाने की बात कही। उन्होंने विशेष रूप से रक्षा उद्योग, समुद्री सुरक्षा और बहुपक्षीय सहयोग के क्षेत्र में सहयोग के मौजूदा क्षेत्रों को बढ़ाने के साधनों की पहचान की।
मिडकॉम के दौरान, रक्षा सचिव ने सरकार-से-सरकार स्तर की भागीदारी, त्रि-सेवा सहयोग, प्रशिक्षण, संयुक्त राष्ट्र शांति स्थापना, द्विपक्षीय सेवा संवाद, रक्षा औद्योगिक सहयोग, अनुसंधान एवं विकास और क्षेत्रीय/उप-क्षेत्रीय संवाद जैसे व्यापक क्षेत्रों में भारत और मलेशिया के बीच सहयोग का विस्तार करने के लिए मलेशियाई पक्ष के साथ 8 सूत्री प्रस्ताव साझा किया।
रक्षा सचिव ने जहाज निर्माण और रखरखाव योजनाओं में मलेशियाई सशस्त्र बलों के साथ सहयोग करने की क्षमता के साथ घरेलू रक्षा उद्योग की कार्यक्षमता पर प्रकाश डाला। मलेशिया ने भारतीय रक्षा उद्योग की क्षमता पर भरोसा जताया और रक्षा उद्योग के क्षेत्र में सह-डिजाइन, सह-उत्पादन और सह-विकास की संभावनाओं पर चर्चा की। दोनों देशों ने आपसी विश्वास और समझ, साझा हितों और लोकतंत्र तथा कानून के शासन के साझा मूल्यों के आधार पर उन्नत रणनीतिक साझेदारी को पूरी तरह से लागू करने की अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि की।
यात्रा के हिस्से के रूप में, मलेशियाई प्रतिनिधिमंडल ने डीआरडीओ अधिकारियों के साथ भी बातचीत की और पारस्परिक हित के क्षेत्रों की पहचान की। मझगांव डॉकयार्ड लिमिटेड और पश्चिमी नौसेना कमान के मुख्यालय में बातचीत के लिए प्रतिनिधिमंडल का आज मुंबई जाने का कार्यक्रम है।
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