विदेश मंत्री जयशंकर की वाशिंगटन में उच्चस्तरीय बैठकें, अमेरिका के साथ रणनीतिक व आर्थिक साझेदारी को नई गति
व्यापार, ऊर्जा और सुरक्षा पर भारत-अमेरिका की गहन बातचीत
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विदेश मंत्री जयशंकर ने अमेरिकी विदेश मंत्री और ट्रेजरी सेक्रेटरी से अलग-अलग बैठकें कीं
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व्यापार, ऊर्जा, रक्षा, परमाणु, महत्वपूर्ण खनिज और टेक्नोलॉजी पर चर्चा
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भारत-अमेरिका व्यापार समझौते का स्वागत, बाजार पहुंच बढ़ाने पर सहमति
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हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सुरक्षा संवाद को मजबूत करने की प्रतिबद्धता
समग्र समाचार सेवा
वाशिंगटन | 4 फरवरी: विदेश मंत्री एस जयशंकर ने वाशिंगटन में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो और ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट के साथ अलग-अलग बैठकें कर भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने पर व्यापक चर्चा की। बातचीत में व्यापार, ऊर्जा, परमाणु सहयोग, रक्षा, महत्वपूर्ण खनिज और टेक्नोलॉजी प्रमुख रहे।
द्विपक्षीय एजेंडा और वैश्विक मुद्दे
रूबियो से मुलाकात के बाद जयशंकर ने बताया कि द्विपक्षीय सहयोग एजेंडा के साथ-साथ क्षेत्रीय और वैश्विक विषयों पर विस्तार से विचार हुआ। दोनों पक्षों ने साझा हितों को गति देने के लिए विभिन्न तंत्रों की शीघ्र बैठकें करने पर सहमति जताई।
महत्वपूर्ण खनिज सहयोग पर जोर
अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार, महत्वपूर्ण खनिजों की खोज, खनन और प्रसंस्करण में सहयोग को औपचारिक रूप देने पर चर्चा हुई। यह क्षेत्र भारत-अमेरिका आर्थिक और रणनीतिक संबंधों का केंद्रीय स्तंभ बनता जा रहा है।
व्यापार समझौते का स्वागत
यह बैठक राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा घोषित व्यापार समझौते के एक दिन बाद हुई। दोनों नेताओं ने समझौते का स्वागत करते हुए बाधाएं कम करने और बाजार पहुंच बढ़ाने पर सहमति को रेखांकित किया।
हिंद-प्रशांत और सुरक्षा संवाद
रूबियो और जयशंकर ने सुरक्षा संवाद के जरिए द्विपक्षीय व बहुपक्षीय सहयोग विस्तार की प्रतिबद्धता दोहराई। दोनों ने माना कि समृद्ध हिंद-प्रशांत क्षेत्र साझा हितों के लिए अहम है।
आर्थिक साझेदारी पर उपयोगी बातचीत
इससे पहले जयशंकर ने अमेरिकी ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट से मुलाकात कर भारत-अमेरिका आर्थिक साझेदारी और रणनीतिक सहयोग को आगे बढ़ाने पर उपयोगी चर्चा की।
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