केशव प्रसाद मौर्य का महागठबंधन पर तीखा वार: “डकैती के आरोप में उम्मीदवार की गिरफ्तारी और JMM की विदाई ने गठबंधन को तोड़ डाला”

समग्र समाचार सेवा
पटना, 21 अक्टूबर: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के बीच सियासी हलचल तेज हो गई है। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने मंगलवार को विपक्षी महागठबंधन पर तीखा हमला बोला। मौर्य ने कहा कि डकैती के आरोप में सासाराम से आरजेडी उम्मीदवार सतेंद्र साह की गिरफ्तारी और झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के चुनाव से हटने के फैसले ने महागठबंधन को “अंदर से तोड़ दिया” है।

पत्रकारों से बात करते हुए मौर्य ने कहा,

“मैंने देखा है कि आरजेडी उम्मीदवार सतेंद्र साह को झारखंड पुलिस ने डकैती के आरोप में गिरफ्तार किया है। वहीं, झारखंड मुक्ति मोर्चा जो चुनाव लड़ने वाला था, उसने गठबंधन से अलग होने का फैसला लिया है। महागठबंधन पूरी तरह बिखर चुका है।”

मौर्य ने दावा किया कि बिहार की जनता एनडीए को स्पष्ट बहुमत से जीत दिलाएगी, जबकि विपक्षी गठबंधन अपनी ही अंतर्विरोधों से जूझ रहा है। उन्होंने कहा,

“2025 में बिहार की जनता एनडीए को जीत दिलाना चाहती है। शायद 2047 के बाद लोग महागठबंधन को याद करें।”

मौर्य का यह बयान ऐसे समय में आया है जब बिहार के सियासी गलियारों में महागठबंधन के भीतर मतभेद खुलकर सामने आ चुके हैं।

JMM का बड़ा फैसला — महागठबंधन से अलगाव

सोमवार को झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) ने बिहार विधानसभा चुनाव से हटने की घोषणा कर दी। पार्टी ने पहले छह सीटों पर स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ने का ऐलान किया था, लेकिन अब उसने राजनीतिक छल का आरोप लगाते हुए महागठबंधन से दूरी बना ली है।

झारखंड के मंत्री और जेएमएम नेता सुदीव्य कुमार ने गिरिडीह में कहा —

“बड़े दुख के साथ कहना पड़ रहा है कि पार्टी अब इस चुनाव में भाग नहीं लेगी। बिहार गठबंधन की प्रमुख पार्टी की राजनीतिक चालाकी ने झारखंड मुक्ति मोर्चा को नुकसान पहुंचाया है। आरजेडी और कांग्रेस के राजनीतिक छल के परिणाम भविष्य में दिखेंगे।”

उन्होंने बताया कि 7 अक्टूबर को पटना में सीट बंटवारे को लेकर बैठक हुई थी, जिसमें आरजेडी ने लगातार चालें चलीं और कांग्रेस ने उसका साथ दिया। “7 से 20 अक्टूबर तक आरजेडी ने मनमानी की, जिससे हमारी उम्मीदें टूट गईं,” उन्होंने कहा।

मुख्य मुकाबला एनडीए बनाम महागठबंधन

बिहार चुनाव में इस बार मुख्य मुकाबला राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) और महागठबंधन के बीच है।
एनडीए में भारतीय जनता पार्टी (BJP), जनता दल (यूनाइटेड), लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास), हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (सेक्युलर) और राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) शामिल हैं।

वहीं, महागठबंधन में राष्ट्रीय जनता दल (RJD), कांग्रेस, भाकपा (माले), भाकपा और भाकपा (मार्क्सवादी) के साथ मुखेश सहनी की विकाशशील इंसान पार्टी (VIP) शामिल हैं।

इसके अलावा, प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी ने भी राज्य की सभी 243 सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है।

चुनाव कार्यक्रम

बिहार विधानसभा चुनाव दो चरणों में — 6 और 11 नवंबर को होंगे, जबकि गिनती 14 नवंबर को होगी।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि जेएमएम के अलग होने और आरजेडी उम्मीदवार की गिरफ्तारी से महागठबंधन की साख को गहरी चोट पहुंची है, जिसका फायदा एनडीए को मिल सकता है।

 

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