बदलते रिश्ते और उपयोगिता का दौर: एक सामाजिक नजरिया
समग्र समाचार सेवा
आज के समय में यदि गांव देहात में किसी पशुपालक की गाय या भैंस बछड़ा/पाड़ा को जन्म दे, तो वह दुखी हो जाता है। कोई पड़ोसी पूछे तो उदास भाव से सर झुका कर धीरे से कहते हैं, बछड़ा हुआ है... जबतक दूध निकालने के लिए उनकी जरूरत…