असम में स्वामी विज्ञानानंद जी द्वारा ‘द हिंदू मैनिफेस्टो’ लोकार्पण, राष्ट्र निर्माण का आह्वान

    • गुवाहाटी के PWD Convention Auditorium, दिसपुर में समग्र विकास न्यास के तत्वावधान में स्वामी विज्ञानानंद जी की ‘द हिंदू मैनिफेस्टो’ पुस्तक का भव्य लोकार्पण समारोह आयोजित किया गया।
    • स्वामी विज्ञानानंद जी ने पुस्तक के 8 अध्यायों की व्याख्या करते हुए इसे समाज और राष्ट्र निर्माण का एक मार्गदर्शक दस्तावेज बताया।
    • कुमार राकेश जी ने स्वामी के देश विदेश में हिन्दू पुनरुत्थान के  कार्यों के विषय में बताया ।
    • कार्यक्रम के अंत में पूर्व  राज्यसभा सांसद भुवनेश्वर कलिता जी ने  दायित्वशील समाज  निर्माण का आह्वान किया, डॉ कल्पना बोरा द्वारा संचालित कार्यक्रम का  पूनम शर्मा ने  धन्यवाद ज्ञापन  किया।

    समग्र समाचार सेवा
    गुवाहाटी, २३ मई: समग्र विकास न्यास के तत्वावधान में आज गुवाहाटी के पीडब्ल्यूडी कन्वेंशन हॉल, दिसपुर में “‘द हिंदू मैनिफेस्टो पुस्तक का भव्य लोकार्पण समारोह आयोजित किया गया। “हिंदू पुनर्जागरण और हिंदुत्व का जागरण” विषय पर आयोजित इस कार्यक्रम में अनेक विशिष्ट अतिथि, बुद्धिजीवी और बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।

    दिसपुर के पीडब्ल्यूडी कन्वेंशन हॉल (PWD Convention Hall) में कार्यक्रम का शुभारंभ द्वीप प्रज्वलन से हुआ जिसमें  वर्ल्ड हिन्दू काउंसिल के संस्थापक तथा विश्व हिन्दू परिषद के संयुक्त संपादक, अन्तराष्ट्रीय समन्वयक स्वामी श्री विज्ञानानंद जी, पूर्व राज्यसभा सांसद डॉ. भुवनेश्वर कलिता, देश के वरिष्ठ पत्रकार तथा ग्लोबल गवर्नेंस न्यूज ग्रुप के editorial chairman डॉ. कुमार राकेश, अखिल भारतीय इतिहास संकलन योजना के राष्ट्रीय महामंत्री श्री हिमंत धिंग मजूमदार, विश्व हिंदू परिषद के उत्तर-पूर्व क्षेत्र संगठन मंत्री श्री दिनेश तिवारी जी, विश्व हिंदू परिषद गुवाहाटी महानगर के अध्यक्ष श्री सबिन राजखोवा, सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी श्री हितेश देव शर्मा तथा समग्र विकास न्यास की निर्देशक पूनम शर्मा ने भाग लिया l

    इसके बाद मंच पर आसीन सभी जनों का फुलाम गमोसा एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मान किया गया । इस अवसर पर सभा में नगर के प्रतिष्ठित समाजकर्मी एवं व्यवसाय श्री अमित जैन जी ,क्षेत्र महा मंत्री ( विश्व हिन्दू परिषद ) श्री कुमुद  बोरठाकुर जी ,श्री बिद्याधर डेका जी , श्री राजेश गुप्ता जी ,वर्ल्ड मैटी  काउंसिल के अध्यक्ष श्री नव किशोर जी एवं विश्व हिंदू परिषद के अनेक कार्यकर्ताओं की उपस्थिति भी देखी गई । 

    दीप प्रज्वलन के पश्चात, श्री गोविंद गोस्वामी जी ने सभागार में उद्घाटन भाषण प्रस्तुत किया । इसके बाद, डॉ. कुमार राकेश जी ने अपने भाषण में स्वामी जी का व्यापक परिचय देते हुए बताया कि कैसे वे विदेशों में हिंदू जागरण एवं पुनरुत्थान के क्षेत्र में इतना विशाल कार्य कर रहे  हैं और विश्व के विभिन्न देशों में हिंदुओं को जोड़ने का  महत्वपूर्ण कार्य कर रहे हैं। डॉ. राकेश ने यह भी उल्लेख किया कि स्वामी जी की यह पुस्तक  हमारे हिंदू समाज के लिए बहुत महत्वपूर्ण मार्गदर्शिका है ।

    पुस्तक के विमोचन के बाद अपने मुख्य संबोधन में स्वामी  श्री विज्ञानानंद जी ने इस पुस्तक के विषय में जानकारी देते हुए कहा कि इसमें आठ सूत्र हैं और इन आठ सूत्रों की व्याख्या उन्होंने अपने भाषण में संक्षिप्त रूप से करते हुए कहा कि यह किसी भी समाज और राष्ट्र के निर्माण में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और इसमें जो भी सूत्र है वह किसी भी स्वस्थ और समृद्ध राष्ट्र और समाज के लिए बहुत आवश्यक है –

    उन्होंने अपनी पुस्तक में वर्णित  आठ सूत्रों  की व्याख्या की —
    सभी के लिए समृद्धि: समाज के हर वर्ग के आर्थिक और सामाजिक विकास की आवश्यकता।
    शत्रु पर विजय, नागरिक की रक्षा: राष्ट्रीय सुरक्षा और नागरिकों की सुरक्षा पर बल।
    सभी के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा: उत्कृष्ट और संस्कारयुक्त शिक्षा व्यवस्था।
    जिम्मेदार लोकतंत्र: जवाबदेही और मजबूत लोकतांत्रिक संस्थाओं की आवश्यकता।
    महिलाओं के प्रति सर्वोच्च सम्मान: महिला सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण।
    भेदभाव रहित सामाजिक व्यवस्था: समानता और सामाजिक समरसता का निर्माण।
    प्रकृति की रक्षा: पर्यावरण संरक्षण और संतुलित जीवनशैली।
    मातृभूमि के प्रति सम्मान: देश, संस्कृति और सभ्यता के प्रति गौरव और सम्मान।

    उन्होंने कहा कि ये अध्याय एक सशक्त, समृद्ध और मूल्य-आधारित भारत के राष्ट्र निर्माण की दिशा ही नहीं दिखाते  बल्कि विश्व के किसी भी समाज एवं राष्ट्र के लिए मार्गदर्शक सिद्ध होंगे , क्योंकि यह पुस्तक हमारे भारत के राष्ट्र दर्शन के आधार पर लिखी गई है और अत्यंत महत्वपूर्ण है।

    श्री हिमन्त धींग  मजूमदार ने अपने भाषण में ब्रिटिश ने किस प्रकार भारत के इतिहास को विकृत करने का प्रयास किया इस विषय पर प्रकाश डाला ।

    अंत में  पूर्व सांसद (राज्यसभा) श्री भुवनेश्वर कलिता जी ने अपने  के भाषण में कहा कि स्वामी जी के प्रयास बहुत महत्वपूर्ण हैं और समाज और राष्ट्र के लिए उनकी यह अमूल्य पुस्तक एक  मार्गदर्शन का कार्य करेगी । उन्होंने कहा स्वामी जी आज के हिंदू समाज को मार्गदर्शन करने का बहुत महत्वपूर्ण कार्य कर रहे हैं जिसमें सभी का योगदान आवश्यक है।

    इस कार्यक्रम के अंत में समग्र विकास न्यास की  निर्देशक पूनम शर्मा ने सभी अतिथिगण , सभागार के कार्यकर्ताओं ,मीडिया कर्मियों, आयोजन में योगदान देने वालों का धन्यवाद ज्ञापन किया इस पूरे कार्यक्रम का संचालन  श्रीमती डॉक्टर कल्पना बोरा जो गुवाहाटी विश्वविद्यालय की भौतिक विभाग की अध्यक्ष हैं उन्होंने किया अंत में वंदे मातरम के साथ सभा का अंत हुआ । 

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