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व्यक्तित्व
अपनी ही अदालत में मुकदमा हारते खड़े अटल…
भारतीय राजनीति क्या विश्व राजनीति में भी अगर कोई एक नाम बिना किसी विवाद के कभी लिया जाएगा तो वह नाम होगा अटल बिहारी वाजपेयी का। यह एक ऐसा नाम है जिस के पीछे काम तो कई जुड़े हुए हैं पर विवाद शून्य हैं। राजनीति काजल की कोठरी है, इस में से…
क्षत्रिय राजपूत राजा चक्रवर्ती सम्राट विक्रमादित्य परमार के बारे में कुछ रोचक तथ्य
पवन कुमार सरजी।
विक्रमादित्य का नाम उनके जन्म से पहले ही भगवान शिव ने रख दिया था।
विक्रमादित्य परमार वंश के 8 वें राजा थे।
विक्रमादित्य ने मात्र 20 वर्ष की उम्र में ही शकों को पूरे एशिया से खदेड़ दिया था। विक्रमादित्य ने भारत और एशिया को…
23 जुलाई 1856: लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक की जयंती पर उन्हें कोटि कोटि नमन
पवन कुमार।
लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक(जन्म : 23 जुलाई 1856 मृत्यु : 1 अगस्त 1920)
भारत के स्वतंत्रता सेनानियों में बाल गंगाधर तिलक का नाम बड़े ही सम्मान से लिया जाता है। उन्होंने हमारे देश को अंग्रेजों की गुलामी से मुक्त करवाने में…
डॉ गोपालदासनीरज’ जी की पुण्यतिथि: ‘पद्मश्री’ व ‘पद्मभूषण’ से दो बार…
आर के सिन्हा।
'पद्मश्री' व 'पद्मभूषण' से दो बार सम्मानित मशहूर हिंदी साहित्यकार यशकाय शेष गीत सम्राट डॉ गोपालदासनीरज' जी की पुण्यतिथि पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ ! गोपालदास सक्सेना 'नीरज' का जन्म 4 जनवरी 1925 को उ.प्र. के…
मंथन- धर्म की अवधारणा-आचार: प्रथमो धर्म:
पार्थसारथि थपलियाल
लोग अक्सर धर्म की बात तो करते हैं लेकिन धर्म को जानते नही हैं। कोई मंदिर जाने को धर्म कह देगा, कोई तिलक लगाने को धर्म कह देगा। कुछ लोग रीति रिवाज को तो कोई परंपराओं को धर्म मान लेता है। यह सब अज्ञानताएं हैं। भारतीय…
पाथेय-3- भारतीयता को जकड़ता शब्दों का भंवर जाल (9)
पार्थसारथि थपलियाल
अपने मंतव्य स्थापित करते भ्रामक शब्द - डॉ. वैद्य
स्थान था कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय का सभागार। इस सभागार में पंचनद शोध संस्थान का दो दिवसीय मंथन शिविर चल रहा था। विद्वान वक्ताओं में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सह…
पाथेय सार- 2- भारत अपने स्व को पहचाने (8)
पार्थसारथि थपलियाल
हिन्दू कट्टर नही हो सकता - सह-सरकार्यवाह जी
डॉ. मनमोहन वैद्य जी ने जीवन में प्रतियोगिता कारण होनेवाले तनाव की ओर आकर्षित करते हुए कहा कि इस दौर में मनुष्य के सामने जीवन के लक्ष्य की बजाय जीवन की सफलता को साध्य के…
पाथेय- भाग 1- जीवन आनंद की एक नई दृष्टि (7)
पार्थसारथि थपलियाल
जीवन के हर क्षण को आनंदमय बनाएं- सह-सरकार्यवाह
14 जून 2022 का यह सत्र महत्वपूर्ण था, ज्ञानवर्धक और भारतीयता से भरपूर। माननीय डॉ. मनमोहन वैद्य जो वर्तमान में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह सरकार्यवाह हैं, वे…
23 जून/जन्म-दिवस: कर्नाटक केसरी : जगन्नाथ राव जोशी
अजेय कुमार
भारतीय जनसंघ के जन्म से लेकर अपनी मृत्यु तक सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की अलख देश भर में जगाने वाले, कर्नाटक केसरी के नाम से विख्यात श्री जगन्नाथ राव जोशी का जन्म कर्नाटक के नरगुंड गांव में 23 जून, 1920 को हुआ था। उनके पिताजी पर उस…
राष्ट्रप्रथम- चोर नही चोर की माँ को पकड़ें
पार्थसारथि थपलियाल
भारत मे अधिकतर लोगों को यह ज्ञान नही कि बताने, बोलने, कहने, चिल्लाने और भौंकने में शब्दों का ही अंतर नही बल्कि क्रिया का भी अंतर है, भावना और संस्कृति का भी अंतर है।
भारतीय संविधान के अनुच्छेद 19 (1) में वर्णित…