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विश्लेषण
🌹दान की महिमा 🌹
एक भिखारी सुबह-सुबह भीख मांगने निकला। चलते समय उसने अपनी झोली में जौ के मुट्ठी भर दाने डाल दिए, इस अंधविश्वास के कारण कि भिक्षाटन के लिए निकलते समय भिखारी अपनी झोली खाली नहीं रखते। थैली देखकर दूसरों को भी लगता है कि इसे पहले से ही किसी ने…
लोकमंथन (23) लोक परम्पराओं में पर्यावरण और जल संरक्षण
24 सितंबर 2022 को एक महत्वपूर्ण सत्र भारतीय लोक परम्पराओं में पर्यावरण और जल संरक्षण पर केंद्रित था। जल सृष्टि के पंच महाभूत तत्वों में से एक है। वैसे तो धरती का 70 प्रतिशत भाग जल से ही भरा है लेकिन यह पीने योग्य नही है।
नशामुक्ति बहाना, ध्येय राजनीतिक दुकान चमकाना
नशामुक्ति के नाम पर शराबबंदी राजनीति का फैशन बन गया है। सत्ता में हिस्सेदारी से वंचित राजनेता शराबबंदी को अपना हथियार बनाते देखे जा सकते हैं। महात्मा गांधी के गुजरात और बिहार में सरकारी स्तर पर तो शराब बंदी लागू है लेकिन दोनों राज्यों में…
संस्कृति-लोकमंथन (19)- लोक परंपरा में वाद्य संस्कृति
(21 सितंबर से 24 सितंबर 2022 तक श्रीमंता शंकरदेव कलाक्षेत्र गोहाटी में प्रज्ञा प्रवाह द्वारा तीसरे लोकमंथन का आयोजन किया गया। प्रस्तुत है लोकमंथन की उल्लेखनीय गतिविधियों पर सारपूर्ण श्रृंखलाबद्ध प्रस्तुति)
संस्कृति : लोकमंथन (18)- भारत में कृषि एवं खाद्य परम्पराएं -3
हाल ही में 21 सितंबर से 24 सितंबर 2022 तक श्रीमंता शंकरदेव कलाक्षेत्र गोहाटी में प्रज्ञा प्रवाह द्वारा तीसरे लोकमंथन का आयोजन किया गया। प्रस्तुत है लोकमंथन की उल्लेखनीय गतिविधियों पर सारपूर्ण श्रृंखलाबद्ध प्रस्तुति
अरविंद केजरीवाल ने हिमाचल विधानसभा चुनाव में आखिर आत्मसमर्पण क्यों किया?
हिमाचल प्रदेश और गुजरात के विधानसभा चुनाव का बिगुल बज चुका है. हिमाचल प्रदेश में 12 नवंबर को मतदान होने वाला है, जबकि गुजरात में चुनाव की घोषणा भी जल्द हो जाने की उम्मीद है.
ऋषि सुनक की आधिकारिक वंशावली
सुनक गुजरांवाला के एक पंजाबी खत्री परिवार के हैं, जो अब पाकिस्तान में है । ऋषि सुनक के दादा रामदास सुनक ने 1935 में नैरोबी में क्लर्क के रूप में काम करने के लिए गुजरांवाला छोड़ दिया था ।
मिसाल -विज्ञान और अध्यात्म के अद्भुत संगम का .
एक दिन धोती और शॉल पहने एक सज्जन चेन्नई के समुद्र तट पर बैठे हुए भगवत गीता का पाठ कर रहे थे।
कांग्रेस और वामपंथियों का कंधा आप को सिर्फ़ अमानुष और वोट बैंक बनाता है
भारत में अगर हिंदू-मुस्लिम भाई चारा जो सचमुच होता , गंगा-जमुनी तहज़ीब का जो अस्तित्व होता तो अयोध्या में राम जन्म-भूमि , काशी में विश्वनाथ मंदिर , मथुरा में कृष्ण जन्म-भूमि जैसे विवाद चुटकी बजाते ही खत्म हो जाते। पर यह भाई-चारा , गंगा-जमुनी…
हीरे की तमन्ना में पन्ना में मिले मिट्टी छानते लोग ..
वो नजारा ही ऐसा था जो आप दूर बैठ कर कल्पना ही नहीं कर सकते। जब पहली बार पता चला कि पन्ना की रूंझ नदी में बन रहे बांध के पास हीरे तलाशने वालों की भीड लग रही है तो सोचा कि कुछ दिनों के लिये कुछ लोग आ गये होंगे जिनको बाद में वन विभाग ने खदेडा…