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विश्लेषण

 प्रशांत किशोर की बिहार जन यात्रा का मक़सद ??

प्रशांत किशोर की पद यात्रा का मक़सद धीरे-धीरे साफ़ होता जा रहा है. बिहार की दोनों ख़ेमों की राजनीति से अलग एक नई राजनीति की शुरुआत के मक़सद से शुरू की गई यह पद यात्रा नीतीश विरोध की राजनीति में बदलती जा रही है.

देश में घृणा कौन फैला रहा है?

गत 10 अक्टूबर को सर्वोच्च न्यायालय ने 'हेट स्पीच' संबंधित एक याचिका पर सुनवाई करते हुए कड़ी टिप्पणी की। उसके अनुसार, "देश का माहौल द्वेषपूर्ण भाषणों के कारण खराब हो रहा है... इसपर नकेल कसने की आवश्यकता है।" इससे पहले 21 सितंबर को भी शीर्ष…

*पाकिस्तान को -न कफन नसीब न कब्रिस्तान*

भारत के पहले गृहमंत्री सरदार पटेल ने 1947 में पाकिस्तान पर व्यंग्य कसते हुए कहा था कि जिन्ना पाकिस्तान को जन्नत बनाना चाहते हैं ठीक है जब पश्चिम से हवा पूर्व की तरफ चलेगी तो जन्नत की थोड़ी सुगंध हमें भी मिल जाएगी !

 भूख वाले झूठ…..!

हंगामा कटा हुआ है के हाय हाय भारत में भूख से बदतर हाल है लगातार हम ग्लोबल हंगर इंडेक्स में नीचे आरहे हैं...

कब आजाद होंगे गुलाम ख्यालातों से?

त्रिदीब रमण  ’बरसों तेरे दर पर इस कदर गुलाम आस्थाओं की चाकरी की है कि आज आज़ाद का तखलुस भी मेरे कुछ काम नहीं आ पा रहा’ 24 अगस्त को सोनिया गांधी अपने दोनों बच्चों राहुल और प्रियंका के साथ इटली पहुंची, जहां उनकी बीमार मां पाओला माइनो की…

गुलाम नबी: जम्मू- कश्मीर में क्या सियासी गुल खिला पाएंगे ?

उम्र के आखिरी दौर में अपनी मूल पार्टी कांग्रेस छोड़ने के बाद वरिष्ठ राजनेता गुलाम नबी आजाद ने कांग्रेस के बारे में दिलचस्प टिप्पणी की वह ‘डॉक्टर के बजाय कंपाउंडर से दवा ले रही है।‘ मतलब साफ है कि कंपाउंडर की दवा से कांग्रेस के लाइलाज मर्ज…

शराब घोटाले के तार तेलांगना से क्यों जुड़े हैं?

 त्रिदीब रमण  ’एक दिन तुम मुझे छोड़ कर बहुत आगे निकल जाओगे बुना है जो रिश्ता दिलों का लेकर इसके धागे निकल जाओगे’ प्रचार और कथित ईमानदारी की धीमी आंच पर पकती दिल्ली की सियासत पर जब से शराब के छींटे पड़े हैं इसकी लपटें धू-धू कर…