भारत उम्मीद की किरण: पोलैंड के पीएम ने की पीएम मोदी की तारीफ

वैश्विक अनिश्चितता के बीच पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने भारत को बताया संकट के समय उम्मीद का प्रतीक, रक्षा और अंतरिक्ष में बढ़ेगा सहयोग।

  • पोलैंड के पीएम डोनाल्ड टस्क ने पीएम मोदी और भारत की तारीफ की।
  • वैश्विक अनिश्चितता के दौर में भारत को बताया ‘उम्मीद की किरण’।
  • रक्षा, अंतरिक्ष, ड्रोन और डिजिटल तकनीक में सहयोग बढ़ाने पर जोर।

समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 22 अक्तूबर: दुनियाभर में चल रहे भू-राजनीतिक तनाव, राजनीतिक अस्थिरता और तमाम वैश्विक संकटों के बीच भारत की साख और कूटनीतिक प्रभाव लगातार मजबूत हो रहा है। हाल ही में भारत की आधिकारिक यात्रा पर आए पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क (Donald Tusk) ने नई दिल्ली स्थित हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए एक बहुत बड़ा बयान दिया है। पोलैंड के प्रधानमंत्री ने वैश्विक अनिश्चितता के इस दौर में भारत को पूरी दुनिया के लिए ‘उम्मीद की किरण’ करार दिया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की मुक्तকंठ से प्रशंसा करते हुए कहा कि संकट के इस समय में भारत की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण और प्रेरणादायक है।

‘अस्थिरता के दौर में भारत हम सभी के लिए उम्मीद की किरण’

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ हुई द्विपक्षीय बातचीत के बाद अपने संबोधन में पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने कहा कि उनका देश अंतरराष्ट्रीय मामलों में भारत और प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व को बहुत सम्मान की दृष्टि से देखता है। उन्होंने कहा, “आज पूरी दुनिया में राजनीतिक अनिश्चितता, अस्थिरता और संकट के बादल छाए हुए हैं। ऐसे कठिन समय में एक मजबूत और लोकतांत्रिक देश के प्रधानमंत्री के रूप में आपका नेतृत्व हम सभी के लिए एक उम्मीद की किरण जैसा है।”

टस्क ने स्पष्ट किया कि भारत ने वैश्विक शांति, स्थिरता और कूटनीतिक संतुलन बनाए रखने में हमेशा एक सकारात्मक भूमिका निभाई है, जिसकी सराहना पूरी दुनिया कर रही है।

भारत और पोलैंड के बीच मजबूत रणनीतिक साझेदारी

पोलैंड के प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और पोलैंड के बीच पारंपरिक रूप से बहुत ही गहरे और प्रगाढ़ संबंध रहे हैं। दोनों देशों के बीच किसी भी प्रकार के हितों का टकराव नहीं है और न ही कोई ऐतिहासिक विवाद है जो दोनों मित्रों को एक-दूसरे से अलग करता हो। उन्होंने बताया कि अगस्त 2024 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वारसॉ (Warsaw) यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच जो रणनीतिक साझेदारी (Strategic Partnership) स्थापित की गई थी, आज उस दिशा में आगे बढ़ने के लिए बेहद सार्थक और दूरदर्शी चर्चाएं हुई हैं।

उन्होंने गर्व के साथ कहा कि वे खुद को प्रधानमंत्री मोदी का दोस्त मानते हैं और दोनों देशों के संबंध आपसी विश्वास, साझा मूल्यों तथा शांति के आदर्शों पर टिके हुए हैं।

अर्थव्यवस्था, रक्षा और अंतरिक्ष तकनीक में सहयोग का विस्तार

दोनों नेताओं की बैठक में आर्थिक संबंधों को और अधिक ऊंचाई पर ले जाने पर विशेष जोर दिया गया। पोलैंड के प्रधानमंत्री ने बताया कि उनकी इस भारत यात्रा के दौरान उनके साथ पोलैंड के प्रमुख उद्योगों और व्यापारिक कंपनियों के शीर्ष प्रतिनिधि भी आए हैं। यह भारत-पोलैंड संबंधों के इतिहास में अब तक का सबसे बड़ा व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल है। दोनों देश पारंपरिक क्षेत्रों के अलावा कई आधुनिक और उभरते हुए क्षेत्रों में मिलकर काम करने के लिए सहमत हुए हैं।

रक्षा और उन्नत तकनीक: दोनों देशों ने आधुनिक रक्षा प्रणालियों और उपकरणों के विकास में मिलकर काम करने की इच्छा जताई है।

ड्रोन और उपग्रह तकनीक: हाल के समय में सामरिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण साबित हुए ड्रोन और उपग्रह (Satellite) तकनीक के क्षेत्र में आपसी सहयोग को और मजबूत किया जाएगा।

पारंपरिक उद्योग: खनन, कोयले से गैस बनाने की तकनीक (Coal Gasification) और शिपयार्ड निर्माण जैसे पारंपरिक क्षेत्रों में भी नई परियोजनाओं पर कार्य शुरू किया जाएगा।

अंतरराष्ट्रीय मंचों पर आपसी सहयोग और भविष्य की दिशा

प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने यह भी भरोसा दिलाया कि भारत और पोलैंड आने वाले समय में G20 जैसे प्रमुख अंतरराष्ट्रीय मंचों पर एक-दूसरे के हितों का समर्थन करेंगे और वैश्विक मुद्दों पर साझा रुख अपनाएंगे। आतंकवाद, जलवायु परिवर्तन और आर्थिक स्थिरता जैसे विषयों पर दोनों देश मिलकर काम करेंगे।

पोलैंड के प्रधानमंत्री की 21 से 23 अक्टूबर तक चल रही यह आधिकारिक यात्रा दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों में एक नया मील का पत्थर साबित हो रही है। इस यात्रा के दौरान होने वाले समझौतों से न केवल भारत और पोलैंड के व्यापारिक एवं कूटनीतिक रिश्ते मजबूत होंगे, बल्कि वैश्विक मंच पर भी दोनों देशों की स्थिति और अधिक सुदृढ़ बनेगी।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.