आरपीएम की राष्ट्रीय प्रेस दिवस और 26 नवंबर प्रदर्शन की तैयारी
मीडिया को लोकतंत्र का चौथा स्तंभ घोषित करने के लिए केंद्रीय कानून की मांग, जंतर-मंतर पर पाबंदियों के चलते वैकल्पिक स्थल की तलाश।
- 16 नवंबर को राष्ट्रीय प्रेस दिवस मनाने की योजना बनाई गई।
- 26 नवंबर को केंद्रीय कानून की मांग को लेकर होगा प्रदर्शन।
- जंतर-मंतर पर पाबंदियों के कारण वैकल्पिक स्थल की होगी तलाश।
समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 27 अक्तूबर: राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ (आरपीएम) की एक महत्वपूर्ण मासिक संगठनात्मक बैठक रविवार को गूगल मीट (Google Meet) के माध्यम से आयोजित की गई। इस वर्चुअल बैठक में देश भर के कई राज्यों से आए पत्रकार संगठनों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। बैठक का मुख्य एजेंडा 16 नवंबर 2026 को देशव्यापी स्तर पर ‘राष्ट्रीय प्रेस दिवस’ (National Press Day) मनाने तथा 26 नवंबर को ‘संविधान दिवस’ के अवसर पर भारतीय मीडिया को एक केंद्रीय कानून के माध्यम से औपचारिक रूप से लोकतंत्र का चौथा स्तंभ घोषित करने की मांग को लेकर प्रस्तावित राष्ट्रव्यापी प्रदर्शन की तैयारियों पर चर्चा करना था।
इस संगठनात्मक बैठक की सफल मेजबानी आरपीएम के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष श्री धीरज कुमार ने की, जबकि बैठक की अध्यक्षता संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. पबित्र मोहन सामंतराय ने की। बैठक के दौरान पत्रकारों के अधिकारों, सुरक्षा तथा मीडिया उद्योग के समक्ष आ रही चुनौतियों पर गंभीर विचार-विमर्श किया गया।
26 नवंबर के प्रदर्शन के लिए वैकल्पिक स्थल तलाशने का निर्णय
बैठक में 16 नवंबर को विभिन्न राज्यों में राष्ट्रीय प्रेस दिवस के उपलक्ष्य में विशेष कार्यक्रम आयोजित करने और 26 नवंबर को देश की राजधानी में अपनी लंबित मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन करने की रणनीति बनाई गई। हालांकि, नई दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शनों और धरनों को लेकर प्रशासन द्वारा लगाए गए कथित प्रतिबंधों एवं सीमाओं को ध्यान में रखते हुए, बैठक में सर्वसम्मति से एक महत्वपूर्ण फैसला लिया गया।
आरपीएम और सहयोगी संगठनों ने निर्णय लिया कि जंतर-मंतर के स्थान पर प्रदर्शन आयोजित करने के लिए किसी उपयुक्त वैकल्पिक स्थल (Alternative Venue) की तलाश की जाएगी। प्रदर्शन स्थल के चयन और सुरक्षा व्यवस्था को अंतिम रूप देने के लिए आगामी रविवार को एक और विशेष तैयारी बैठक (Preparation Meeting) आयोजित करने पर भी आम सहमति बनी।
तीन प्रमुख पत्रकार संगठनों का संयुक्त मंच
यह प्रस्तावित राष्ट्रव्यापी प्रदर्शन वर्ष 2024 से लगातार तीन प्रमुख पत्रकार संगठनों के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है:
राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ (RPM)
इंडियन फेडरेशन ऑफ स्मॉल एंड मीडियम न्यूजपेपर्स (IFSMN)
नेशनल मीडिया कॉन्फेडरेशन (NMC), नई दिल्ली
इन संगठनों का संयुक्त उद्देश्य भारत सरकार का ध्यान इस बात की ओर आकर्षित करना है कि भारतीय संसद में एक विशेष केंद्रीय कानून पारित कर मीडिया को आधिकारिक रूप से संविधान और लोकतंत्र का चौथा स्तंभ (Fourth Pillar of Democracy) घोषित किया जाए। इसके साथ ही, देश के छोटे और मध्यम आकार के समाचार पत्रों तथा पत्रिकाओं (Small & Medium Newspapers) के सामने आ रही वित्तीय और प्रशासनिक समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाया जाएगा।
प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति और सूचना प्रसारण मंत्री को सौंपा जाएगा विस्तृत ज्ञापन
प्रस्तावित 26 नवंबर के प्रदर्शन के अवसर पर पत्रकार संगठनों का एक प्रतिनिधिमंडल देश के शीर्ष नेतृत्व से मुलाकात करने की योजना बना रहा है। इस दौरान भारत के माननीय प्रधानमंत्री, केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री तथा भारत की राष्ट्रपति को विभिन्न पत्रकार-कल्याणकारी मांगों से संबंधित एक विस्तृत ज्ञापन (Memorandum) सौंपा जाएगा।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से पत्रकारों के खिलाफ हो रहे फर्जी मुकदमों पर रोक लगाने, पत्रकार सुरक्षा कानून लागू करने, छोटे समाचार पत्रों को सरकारी विज्ञापनों में प्राथमिकता देने, डिजिटल और प्रिंट मीडिया कर्मियों के लिए स्वास्थ्य व जीवन बीमा कवरेज सुनिश्चित करने जैसी मांगें शामिल रहेंगी।
बैठक में वरिष्ठ पदाधिकारियों की प्रमुख सहभागिता
गूगल मीट के माध्यम से आयोजित इस संगठनात्मक बैठक में देश भर से वरिष्ठ पत्रकार और संगठन के प्रमुख पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक में मुख्य रूप से:
आरपीएम के दिल्ली-एनसीआर अध्यक्ष श्री वीरेंद्र कुमार सैनी
संगठन मंत्री श्री सुशील कुमार शर्मा
राष्ट्रीय संयोजक श्री मेहताब खान चांद
कार्यक्रम समन्वयक श्री ताहिर अहमद
रायपुर समन्वयक श्री संतोष यादव
आईएफएसएमएन के संयुक्त महासचिव अधिवक्ता राधेश्याम पांडा
इसके अलावा, श्री चंद्रा सहित विभिन्न राज्यों के अन्य वरिष्ठ पदाधिकारियों और सदस्यों ने भी चर्चा में भाग लिया तथा अपने अमूल्य सुझाव दिए।
धन्यवाद ज्ञापन और पत्रकारों की एकता का संकल्प
बैठक के समापन सत्र में श्री प्रियब्रत नायक ने आधिकारिक धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया। उन्होंने बैठक में सक्रिय और सार्थक भागीदारी निभाने तथा संगठन के जनकल्याणकारी उद्देश्यों के प्रति निरंतर निष्ठा बनाए रखने के लिए सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।
बैठक के अंत में राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ (RPM) ने देश भर में पत्रकारों की एकता को मजबूत करने, मीडिया की स्वतंत्रता की रक्षा करने, पत्रकारों के सामाजिक और आर्थिक कल्याण से जुड़े मुद्दों को हर मंच पर प्रभावी ढंग से उठाने तथा भारतीय लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका को केंद्रीय कानून द्वारा स्थापित कराने के अपने संकल्प को पुनः दोहराया।
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