समग्र समाचार सेवा
असम ,गुवाहाटी 27 मई : सितंबर 2025 में सिंगापुर में गायक ज़ुबीन गर्ग की मौत के मामले में गठित फास्ट-ट्रैक कोर्ट ने मंगलवार को सभी सात आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए, जिसमें चार लोगों पर हत्या के आरोप भी शामिल हैं। मुकदमे की सुनवाई 8 जून से शुरू होने वाली है। असम कोर्ट का यह फैसला सिंगापुर के कोरोनर कोर्ट के फैसले के दो महीने बाद आया है; सिंगापुर के कोरोनर कोर्ट ने 26 मार्च को किसी भी तरह की साज़िश की आशंका को खारिज करते हुए कहा था कि ज़ुबीन की मौत समुद्र में तैरते समय डूबने से हुई थी।
कोर्ट ने आदेश दिया कि मुकदमे के पहले दिन आरोपियों और अभियोजन पक्ष के सबूतों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए पेश किया जाए। सभी सात आरोपी, जो इस समय न्यायिक हिरासत में हैं, अगले आदेश तक हिरासत में ही रहेंगे।
SIT की जांच के आधार पर
जज शर्मिला भुइयां ने SIT की जांच के आधार पर श्यामकानु महंत (सिंगापुर में आयोजित ‘नॉर्थ ईस्ट इंडिया फेस्टिवल’ के आयोजक, जहाँ ज़ुबीन को प्रस्तुति देनी थी), सिद्धार्थ शर्मा (मैनेजर), शेखरज्योति गोस्वामी (बैंड-साथी) और अमृतप्रभा महंत (सह-गायक) के खिलाफ हत्या के आरोप तय किए।
इन चारों के साथ-साथ ज़ुबीन के दो निजी सुरक्षा अधिकारियों—नंदेश्वर बोरा और परेश बैश्य—के खिलाफ भी आपराधिक साज़िश और आपराधिक विश्वासघात के आरोप तय किए गए, जबकि ज़ुबीन के चचेरे भाई संदीपोन गर्ग के खिलाफ ‘गैर-इरादतन हत्या’ (जो हत्या की श्रेणी में नहीं आती) का आरोप तय किया गया।
अपने आदेश में कोर्ट ने कहा
“आरोपियों के खिलाफ तय किए गए आरोपों को खुली अदालत में, अभियोजन पक्ष और बचाव पक्ष के वकीलों की मौजूदगी में, ऑडियो-वीडियो माध्यम से पढ़कर सुनाया गया और समझाया गया; जिस पर आरोपियों ने खुद को निर्दोष बताते हुए मुकदमे का सामना करने की बात कही।”
आरोपी जेलों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए कोर्ट के सामने पेश हुए। जज ने आगे कहा कि सभी आरोपियों का मुकदमा एक साथ चलाया जाएगा, क्योंकि ये अपराध एक ही घटनाक्रम से जुड़े हैं और एक ही व्यक्ति के खिलाफ किए गए हैं, ताकि मुकदमे की सुनवाई तेज़ी से हो सके।
जज ने कहा कि आपराधिक साज़िश की शुरुआत गुवाहाटी में हुई थी। उन्होंने चश्मदीदों के बयानों का हवाला देते हुए कहा कि श्यामकानु महंत ने मृतक (ज़ुबीन) को शराब उपलब्ध कराई थी; सिद्धार्थ और श्यामकानु, ज़ुबीन को बिना ‘मेडिकल फिटनेस सर्टिफिकेट’ के विदेश ले गए थे; और उन्होंने ज़ुबीन की मेडिकल स्थिति के बारे में जानकारी छिपाकर रखी थी। मृतक को शराब के नशे में तैरने की अनुमति दी गई थी, और उसके खून में अल्कोहल का स्तर 333 mg प्रति 100 ml था; विशेषज्ञों ने इसी को डूबने का कारण बताया है।
अदालत ने कहा कि आरोपी के खिलाफ प्रथम दृष्टया (prima facie) मज़बूत सबूत मौजूद हैं।
ज़ुबीन गर्ग 17 सितंबर, 2025 को ‘नॉर्थ ईस्ट इंडिया फेस्टिवल’ के चौथे संस्करण में प्रस्तुति देने के लिए सिंगापुर गए थे। 19 सितंबर को समुद्र में तैरते समय उनकी मृत्यु हो गई।
24 सितंबर, 2025 को नौ अधिकारियों की एक SIT (विशेष जांच दल) गठित की गई, जिसने 12 दिसंबर, 2025 को कामरूप (मेट्रो) के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) के समक्ष अपनी चार्जशीट पेश की। हालाँकि, CJM अदालत ने 16 दिसंबर, 2025 को इस मामले को कामरूप (मेट्रो) के जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत को सौंप दिया।
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