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जीजीएन विशेष
सीमा हैदर के प्यार का पंचनामा, अब पाकिस्तान वापस जाएगी तथाकथित पाकिस्तानी प्रेमिका???
ATS के सवालों में उलझी पुलिस की हर बात का तपाक से जवाब देने वाली सीमा
ईमानदारी के मिसाल -आर्य
यह घटना सन् 1947 में भारत के विभाजन से पूर्व की है। आर्यसमाज के विद्वान एवं शास्त्रार्थ महारथी पं. लोकनाथ तर्कवाचस्पति एक गांव में प्रचारार्थ आये थे। वहां बिजली नहीं थी।
19जुलाई: क्रान्तिवीर मंगल पांडेय जयन्ती पर विशेष
शीतला शंकर विजय मिश्र
देश को अंग्रेजों की परतंत्रता से मुक्त करवाने के लिये 1857में ज्वाला को धधकाने वाले क्रांतिवीर थे मंगल पांडेय. अंग्रेजी शासन के विरुद्ध चले लम्बे संग्राम का बिगुल बजाने वाले पहले क्रान्ति वीर मंगल पांडेय का जन्म…
मध्य प्रदेश डायरी: रवीन्द्र जैन
मध्य प्रदेश डायरी: रवीन्द्र जैन
केन्द्रीय मंत्रिमंडल से वीरेन्द्र सिंह की छुट्टी के संकेत!
लगातार ऐसे संकेत मिल रहे हैं कि मप्र भाजपा के वरिष्ठ सांसद और केन्द्रीय सामाजिक न्याय मंत्री वीरेन्द्र सिंह की मंत्रिमंडल से छुट्टी हो सकती…
26 बनाम 38: बेंगलुरु में विपक्षी दलों की 26 तो दिल्ली में एन डी ए की 38 पार्टियों की बैठक आज
देश में 2024 में लोकसभा चुनाव होने है लेकिन उससे पहले ही राजनीतिक हलचलें तेज हो गई है। सभी पार्टियां अपने अपने लेवल पर चुनाव पर जीत हासिल करने के लिए एड़ी चोटी एक कर रहे है।
हम सबके रज्जू भैय्या, १४ जुलाई/ पुण्य-तिथि..
प्रो॰ राजेन्द्र सिंह राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के चौथे सरसंघचालक थे, जिन्हें सर्व साधारण जन से लेकर संघ परिवार तक सभी जगह रज्जू भैय्या के नाम से ही जाना जाता है।
गोमुख के अद्धभुत रहस्य
गोमुख का मार्ग बहुत विकट है। सड़क तो क्या कोई पगडंडी भी नहीं है। ऊबड़ खाबड़ पड़े हुए पत्थरों पर चलना पड़ता है, वैसे अब कुछ दूर तक मार्ग बन गया है।
प्रभु पर अटल विश्वास ही परम शांति का मार्ग है
ईश्वर पर विश्वास सबसे ज्यादा जरूरी है या यह कहें कि ईश्वर पर विश्वास ही मनुष्य की परम शक्ति है। आपने देखा होगा कि बहुत बार ऐसा होता है लोग ईश्वर पर विश्वास होने का दावा तो करते हैं लेकिन वहीं यदि उनके साथ कुछ गलत हो जाए या उनकी सोच से अलग…
कलात्मक व्यंग का बेहतरीन उदाहरण है विवादित फिल्म ‘72 हूरें’…पिछले चार साल से डिब्बाबंद थी मूवी
'72 हूरें' टाइटिल ही ऐसा था कि थिएटर वाले रिलीज करने को तैयार नहीं थे, इसलिए ये मूवी पिछले चार साल से डब्बे में बंद पड़ी थी। कहा जाता है कि ओटीटी वाले भी मुस्लिमों की भावनाओं को आहत करने वाले टाइटिल की इस मूवी को रिलीज करने को राजी नहीं थे।
प्रेरक कहानी: भगवान की कृपा को समझिए
एक व्यक्ति काफी दिनों से चिंतित चल रहा था जिसके कारण वह काफी तथा तनाव में रहने लगा था। वह इस बात से परेशान था कि घर के सारे खर्चे उसे ही उठाने पड़ते हैं, पूरे परिवार की जिम्मेदारी उसी के ऊपर है, किसी ना किसी रिश्तेदार का उसके यहाँ आना जाना…